
मण्डलायुक्त ने जिलाधिकारी/सदस्य, सम्भागीय परिवहन प्राधिकरण ओवरलोड वाहनों के संचालन पर प्रभावी नियंत्रण हेतु सघन प्रवर्तन कार्यवाही से प्राधिकरण को अवगत कराने का दिया निर्देश –
—————————————-
योगेश देव पाण्डेय की रिपोर्ट
मीरजापुर । मण्डलायुक्त डाॅ0 मुथुकुमार स्वामी बी0 की अध्यक्षता में सम्भागीय परिवहन प्राधिकरण, मीरजापुर की 32 वीं बैठक आयुक्त सभागार में आहूत की गयी। बैठक में जिलाधिकारी/सदस्य दिव्या मित्तल, सम्भागीय परिवहन प्राधिकरण, उप परिवहन आयुक्त (परिक्षेत्र), सदस्य, सम्भागीय परिवहन प्राधिकरण, के साथ सम्भाग के समस्त सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन/प्रवर्तन) व अनेक वाहन स्वामी, परमिटधारक, ट्रान्सपोर्ट यूनियन के पदाधिकारी उपस्थित रहें। बैठक में मण्डलायुक्त ने सर्वसाधारण/जनसामान्य/वाहन स्वामियों/परमिट धारकों को विगत बैठक में विभिन्न प्रकरणों पर लिये गये निर्णय के अनुपालन का अवलोकन/अनुमोदन से कराया। सम्भाग के विभिन्न जनपदों में अराष्ट्रीयकृत मार्ग पर मंजिली गाड़ी (स्टेज कैरिज) बसों के लिये परमिट हेतु प्राप्त कुल 26 आवेदकों के आवेदन पत्रों को स्वीकृत करने का निर्णय स्वीकृति प्रदान किया गया। मोटर गाड़ी अधिनियम 1988 की धारा 86 के अन्तर्गत प्राप्त कुल 37 प्रकरणों पर सम्यक् विचारोपरान्त ओवरलोड वाहन संचालन पर प्रभावी नियंत्रण हेतु प्राधिकरण द्वारा पूर्व में निर्धारित प्रशमन शुल्क /सहमत राशि रूपया 10000/- को बढ़ाकर रूपया 35000/- किये जाने का निर्णय लिया गया तथा यह भी निर्णय लिया गया कि 37 सभी परमिटधारकों को पृथक-पृथक नोटिस इस आशय से प्रेषित की जाय कि बैठक की तिथि से अधिकतम 90 दिन के भीतर प्राधिकरण द्वारा निर्धारित प्रशमन शुल्क/सहमत राशि रूपया 35000/- प्रति वाहन जमा कर वाद का निस्तारण कराना सुनिश्चित करें, अन्यथा की स्थिति में 90 दिन के पश्चात् परमिट स्वतः समाप्त समझा जायेगा। बैठक में उपस्थित सम्भाग के सभी प्रवर्तन अधिकारियों को मण्डलायुक्त ने सम्भागीय परिवहन प्राधिकरण, जिलाधिकारी/सदस्य, सम्भागीय परिवहन प्राधिकरण, द्वारा निर्देशित किया गया कि ओवरलोड वाहनों के संचालन पर प्रभावी नियंत्रण हेतु सघन प्रवर्तन कार्यवाही किया जाय तथा कृत कार्यवाही से प्राधिकरण को अवगत कराया जाय।
सब की नजर | हर अपराध पर हमारी नजर #1 Hindi News Portal